
चपरन गांव में सुबह हुआ रेस्क्यू, सकुशल निकाला गया बाहर
छतरपुर। पिछले लगभग 36 घंटे से छतरपुर जिले में हो रही बारिश के चलते अब जिले की नदियां रौद्र रूप धारण कर चुकी हैं। सबसे बुरे हालात धसान नदी के किनारे बसे ग्रामीण अंचलों के हैं। बुधवार को दिन में जहां ईशानगर थाना क्षेत्र में पचेर घाट के टापू पर में कुछ लोग फंस गए थे, तो वहीं रात से धसान नदी के किनारे ही हरपालपुर क्षेत्र में बसे ग्राम पंचायत सरसेड़ के चपरन गांव में डेढ़ दर्जन से अधिक लोग टापू पर फंस गए। चूंकि उक्त ग्रामीणों के फंसे होने की जानकारी प्रशासन को रात के वक्त मिली थी, जिसके चलते रात को रेस्क्यू नहीं हो सका। लगभग 15 घंटे तक यह ग्रामीण धसान नदी की तेज लहरों के बीच बैठकर बाहर निकलने का इंतजार करते रहे। गुरुवार की सुबह पुलिस, प्रशासन और एसडीईआरएफ की संयुक्त टीम ने रेस्क्यू कर सभी लोगों को सकुशल बाहर निकाला।बताया गया है कि बीते रोज हुई जोरदार बारिश के बाद धसान नदी पर बने बान सुजारा और पहाड़ी बांध से पानी डिस्चार्ज किया गया था, जिससे नदी का जल स्तर अचानक बढ़ गया और चपरन गांव रात के वक्त अचानक पानी की आगोश में आ गया। नदी के बीचो बीच टापू पर जो लोग मौजूद थे वे, यहीं एक चट्टान पर बैठ गए। रात के वक्त ग्रामीणों के फंसे होने की जानकारी मिलते ही क्षेत्रीय विधायक टीका राजा, एसडीएम विशा माधवानी, तहसीलदार संदीप तिवारी, एसडीओपी चंचलेश मरकाम, थाना प्रभारी पुष्पक शर्मा, पुलिस बल और बचाव दल के साथ मौके पर पहुंच गए थे, लेकिन अंधेरा होने के कारण रात को रेस्क्यू नहीं हो सका। नदी के जलस्तर को नियंत्रित करने के लिए तहसीलदार संदीप तिवारी ने महोबा जिले के सिंचाई विभाग के अधिकारियों से बात कर, लहचूरा डैम के दो फाटक और खुलवाये थे। इसके बाद बचाव दल, सुबह होने का इंतजार करता रहा। सुबह 6 बजे जैसे ही हल्का उजाला हुआ, वैसे ही यहां फंसे लोगों को बचाने की कवायद शुरू की गई। करीब दो से तीन घंटे की मशक्कत के बाद टापू पर फंसे 10 पुरुष, 8 महिलाओं और 2 बच्चों को सकुशल बाहर निकाला गया है।24 घंटे में 9 स्थानों पर रेस्क्यू कर बचाई गई 160 लोगों की जानकलेक्टर पार्थ जैसवाल ने गुरुवार को मीडिया से बात करते हुए बताया कि मंगलवार की रात से जिले में हो रही बारिश के कारण नदी-नाले उफान पर आ गए हैं। पिछले 24 घंटों में बक्सवाहा थाना क्षेत्र की बम्हौरी चौकी अंतर्गत शाहगढ़ मार्ग, बड़ामलहरा थाना क्षेत्र के ग्राम पाड़ाझिर व धनगुवां में सुक्कू नदी के पृथक-पृथक टापू, भगवां थाना क्षेत्र के ग्राम खैरी में काठन नदी के टापू, ईशानगर थाना क्षेत्र में धसान नदी के पृथक-पृथक टापू पर ग्राम सलैया और ग्राम दिदौल, बमीठा थाना क्षेत्र में केन नदी, श्यामरी नदी व पुखरा नाला के अलग स्थानों और हरपालपुर क्षेत्र के ग्राम चपरन में धसान नदी के टापू सहित कुल 9 स्थानों पर रेस्क्यु किया गया। उक्त सभी स्थानों पर होमगार्ड, एसडीईआरएफ, एनडीईआरएफ, पुलिस और प्रशासन की संयुक्त टीमों ने सफल रेस्क्यु करते हुए लगभग 160 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाकर उनके रहने-खाने की व्यवस्था कराई है, साथ ही उनका हेल्थ चेकअप भी कराया गया है। इसके साथ ही आपदा प्रबंधन हेतु जिला मुख्यालय पर अधिकारियों के साथ बैठक भी की गई है। कलेक्टर ने बताया कि लोगों को घबराने की आवश्यकता नहीं है, जिला प्रशासन के पास हर परििस्थति से निपटने के लिए पर्याप्त सुविधाएं हैं। उन्होंने बताया कि गुरुवार को बारिश न होने के कारण नदियों की जल स्तर कम होने लगा है और हालात सामान्य हैं।








