छतरपुर। सिविल लाइन थाना पुलिस ने स्कॉलरशिप दिलाने के नाम पर ऑनलाइन धोखाधड़ी करने वाले एक अंतरराज्यीय आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान प्रभात कुमार गुप्ता पिता छोटेलाल गुप्ता, निवासी ग्राम बदरा, थाना भालूमाड़ा, जिला अनूपपुर के रूप में हुई है। आरोपी ने कॉलेज कर्मचारी बनकर एक छात्रा से संपर्क किया और स्कॉलरशिप दिलाने के नाम पर उसके बैंक खाते से करीब 37 हजार रुपये निकाल लिए थे।
पुलिस के अनुसार, जुलाई माह में सिविल लाइन थाना क्षेत्र की एक छात्रा ने शिकायत दर्ज कराई थी कि एक व्यक्ति ने कॉलेज कर्मचारी बनकर स्कॉलरशिप के संबंध में उससे संपर्क किया। इसके बाद ऑनलाइन माध्यम से उसके साथ धोखाधड़ी कर बैंक खाते से करीब 37 हजार रुपये निकाल लिए गए। शिकायत पर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता के तहत धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
पुलिस अधीक्षक छतरपुर रजत सकलेचा ने मामले को गंभीरता से लेते हुए टीम गठित कर आरोपी की गिरफ्तारी और ऑनलाइन फ्रॉड से जुड़ी पूरी कड़ी का पता लगाने के निर्देश दिए थे। तकनीकी साक्ष्यों और अन्य माध्यमों से जांच के बाद पुलिस ने आरोपी प्रभात कुमार गुप्ता को गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में सामने आया कि आरोपी स्कॉलरशिप दिलाने का झांसा देकर लोगों से संपर्क करता था और उनसे ओटीपी हासिल कर बैंक खातों से रकम निकाल लेता था। इसके अलावा आरोपी सिम पोर्ट करवाकर यूपीआई जनरेट करने का भी प्रयास करता था। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से धोखाधड़ी में इस्तेमाल किए गए दो मोबाइल फोन और नगद राशि बरामद की है।
पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी के खिलाफ जिला अनूपपुर के अलावा भोपाल, जबलपुर और अहमदाबाद (गुजरात) में लूट, जबरन वसूली, जुआ और धोखाधड़ी जैसे अपराधों के 7 प्रकरण दर्ज हैं। पुलिस के अनुसार आरोपी आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों को निशाना बनाता था। जिले में प्राप्त अन्य शिकायतों पर भी वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। साइबर फ्रॉड से जुड़े अन्य आरोपियों और उनकी पूरी कड़ी का पता लगाने के लिए तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस की जांच जारी है।
कार्रवाई में साइबर सेल प्रभारी निरीक्षक नेहा सिंह गुर्जर, सिविल लाइन थाना प्रभारी निरीक्षक आशुतोष श्रोत्रिय, सरवई थाना प्रभारी उप निरीक्षक अभिषेक पांडेय, अलीपुरा थाना प्रभारी उप निरीक्षक जितेंद्र सोनी सहित सहायक उप निरीक्षक सीताराम, प्रधान आरक्षक बृजेंद्र यादव, आरक्षक अरविन्द, हरेंद्र, जगमोहित तथा साइबर सेल से मयंक, विजय, अभय और टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।स्कॉलरशिप दिलाने के नाम पर छात्रा से 37 हजार की ठगी, अंतरराज्यीय आरोपी गिरफ्तार
कॉलेज कर्मचारी बनकर किया था संपर्क, ओटीपी हासिल कर बैंक खाते से निकाली रकम; आरोपी पर चार राज्यों में 7 अपराध दर्ज
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छतरपुर। सिविल लाइन थाना पुलिस ने स्कॉलरशिप दिलाने के नाम पर ऑनलाइन धोखाधड़ी करने वाले एक अंतरराज्यीय आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान प्रभात कुमार गुप्ता पिता छोटेलाल गुप्ता, निवासी ग्राम बदरा, थाना भालूमाड़ा, जिला अनूपपुर के रूप में हुई है। आरोपी ने कॉलेज कर्मचारी बनकर एक छात्रा से संपर्क किया और स्कॉलरशिप दिलाने के नाम पर उसके बैंक खाते से करीब 37 हजार रुपये निकाल लिए थे।
पुलिस के अनुसार, जुलाई माह में सिविल लाइन थाना क्षेत्र की एक छात्रा ने शिकायत दर्ज कराई थी कि एक व्यक्ति ने कॉलेज कर्मचारी बनकर स्कॉलरशिप के संबंध में उससे संपर्क किया। इसके बाद ऑनलाइन माध्यम से उसके साथ धोखाधड़ी कर बैंक खाते से करीब 37 हजार रुपये निकाल लिए गए। शिकायत पर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता के तहत धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
पुलिस अधीक्षक छतरपुर रजत सकलेचा ने मामले को गंभीरता से लेते हुए टीम गठित कर आरोपी की गिरफ्तारी और ऑनलाइन फ्रॉड से जुड़ी पूरी कड़ी का पता लगाने के निर्देश दिए थे। तकनीकी साक्ष्यों और अन्य माध्यमों से जांच के बाद पुलिस ने आरोपी प्रभात कुमार गुप्ता को गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में सामने आया कि आरोपी स्कॉलरशिप दिलाने का झांसा देकर लोगों से संपर्क करता था और उनसे ओटीपी हासिल कर बैंक खातों से रकम निकाल लेता था। इसके अलावा आरोपी सिम पोर्ट करवाकर यूपीआई जनरेट करने का भी प्रयास करता था। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से धोखाधड़ी में इस्तेमाल किए गए दो मोबाइल फोन और नगद राशि बरामद की है।
पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी के खिलाफ जिला अनूपपुर के अलावा भोपाल, जबलपुर और अहमदाबाद (गुजरात) में लूट, जबरन वसूली, जुआ और धोखाधड़ी जैसे अपराधों के 7 प्रकरण दर्ज हैं। पुलिस के अनुसार आरोपी आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों को निशाना बनाता था। जिले में प्राप्त अन्य शिकायतों पर भी वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। साइबर फ्रॉड से जुड़े अन्य आरोपियों और उनकी पूरी कड़ी का पता लगाने के लिए तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस की जांच जारी है।
कार्रवाई में साइबर सेल प्रभारी निरीक्षक नेहा सिंह गुर्जर, सिविल लाइन थाना प्रभारी निरीक्षक आशुतोष श्रोत्रिय, सरवई थाना प्रभारी उप निरीक्षक अभिषेक पांडेय, अलीपुरा थाना प्रभारी उप निरीक्षक जितेंद्र सोनी सहित सहायक उप निरीक्षक सीताराम, प्रधान आरक्षक बृजेंद्र यादव, आरक्षक अरविन्द, हरेंद्र, जगमोहित तथा साइबर सेल से मयंक, विजय, अभय और टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।









