
छतरपुर। प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय किशोर सागर द्वारा गढ़ी मलहरा में आध्यात्मिकता की अलख जगाने और दिव्यता युक्त समाज बनाने हेतु गजराज मैरिज गार्डन में कार्यक्रम आयोजित किया गया।
इस कार्यक्रम में सभा को संबोधित करते हुए ब्रह्माकुमारी किशोर सागर सेवाकेंद्र प्रभारी बीके शैलजा ने कहा कि हर क्षण परिवर्तन तो संसार का नियम है लेकिन भगवान के साथ जो परिवर्तन की प्रक्रिया है वह है एकदम आमूल चूल परिवर्तन जिसको शब्द दिया है कायाकल्प। एकदम कलयुग को सतयुग बना देना, भ्रष्टाचारी दुनिया को श्रेष्ठाचारी बना देना, हम बंदर जैसे प्रकृति के मनुष्यों को जिसकी सूरत तो मनुष्य की है लेकिन सीरत अर्थात लक्षण बंदरों जैसे है उनको मंदिर लायक बना देना, यह कार्य केवल भगवान का ही है। पर भगवान अपना कार्य कोई चमत्कारिक तरीके से नहीं करते हैं या कोई आशीर्वाद या कृपा का हाथ घूमाकर हम सभी को वह ऐसे मनुष्य से देवता बना दें ऐसा नहीं होता है लेकिन परमात्मा पिता हमें ईश्वरीय पढ़ाई पढ़ाते हैं और इस पढ़ाई से हमारे अंदर सही समझ विकसित होती है। ईश्वरीय श्रीमत अर्थात श्रेष्ठ मत हमें श्रेष्ठता की ओर ले जाती है और हम श्रेष्ठाचारी दुनिया में जाने के लायक बन जाते हैं।
कार्यक्रम की शुरुआत छोटी बच्चियों के द्वारा स्वागत नृत्य की प्रस्तुति दी गई। इसके अलावा कु. प्रतिभा, कु. इच्छा द्वारा शिव महिमा पर अन्य सांस्कृतिक प्रस्तुतियां प्रस्तुत की गई। बीके कल्पना ने कहा कि संग हमें तार देता है और कुसंग हमें डूबो देता है। लेकिन इस संसार में सत्य का संग किसी इंसान का नहीं हो सकता क्योंकि हम सब में कोई ना कोई कमियां अवश्य हैं, सत्य का संग तो केवल एक सत् चित् आनंद स्वरूप परमात्मा का है और जब हम उस परमात्मा के सत्संग में आते हैं तो हमारा जीवन उन्नति की ओर अग्रसर होता है। बीके कमला ने ओम ध्वनि करके ओम का अर्थ बताया और सभी को राजयोग का अभ्यास कराया। इस अवसर पर गढ़ी मलहरा गायत्री मंदिर अध्यक्ष भगवत दयाल चौरसिया, महात्मा गांधी स्कूल प्रिंसिपल मोनू चौरसिया, पार्षद जय सोनी, प्रदीप चौरसिया, पुष्पेंद्र वर्मा सहित नगर के अन्य भाई एवं महिलाएं उपस्थित रहीं। कार्यक्रम के अंत में शिव ध्वज फहराया गया एवं सभी को प्रसाद और ईश्वरीय साहित्य भेंट किया गया।








