
घटना की जानकारी मिलने के बाद सागर आईजी प्रमोद वर्मा, डीआईजी ललिता शाक्यवार, पुलिस अधीक्षक अगम जैन, एएसपी विक्रम सिंह, सीएसपी अमन मिश्रा मौके पर पहुंचे। मीडिया से बात करते हुए सागर आईजी प्रमोद वर्मा ने बताया कि पुलिस सोमवार से ही आरोपी को पकड़ने का प्रयास कर रही थी, सुबह करीब 4 बजे पुलिस को आरोपी की लोकेशन पुलिस को पता चल गई थी, जिसके आधार पर पुलिस उसे गिरफ्तार करने पहुंची थी। पुलिस आरोपी को पकड़ने की तैयारी कर रही थी, तभी आरोपी ने पुलिस टीम पर दो फायर किए, जिसके जवाब में पुलिस ने भी चार राउंड फायरिंग की। जब आरोपी ने अपने आपको पुलिस से घिरा देखा तो खुद के सिर में गोली मारकर आत्महत्या कर ली। आईजी ने यह भी बताया कि आरोपी द्वारा फेसबुक पर पोस्ट डाले जाने से पहले ही पुलिस को उसकी लोकेशन पता चल गई थी। आरोपी द्वारा स्वयं को गोली मारे जाने का जो वीडियो सामने आया है, वह किसने बनाया?, इसे आईजी ने जांच का विषय बताया है।गोली लगने से घायल पीड़िता ग्वालियर रेफरसोमवार को भोला अहिरवार द्वारा की गई गोलीबारी में घायल मामले की बलात्कार पीड़िता का जिला अस्पताल में इलाज चल रहा था। चिकित्सकों द्वारा तमाम प्रयास किए जाने के बाद भी जब पीड़िता के पेट में लगी गोली बाहर नहीं निकली तो मंगलवार को उसे भी ग्वालियर रेफर कर दिया गया। जिला अस्पताल के महिला वार्ड की इंचार्ज मेडिकल ऑफिसर ज्योत्सना सिंह ने बताया कि मंगलवार की सुबह पीड़ित लड़की को 108 एंबुलेंस की मदद से ग्वालियर भेजा गया है। चूंकि गोली अभी भी उसके पेट में लगी हुई है, जिस कारण से उसकी हालत बिगड़ती जा रही थी। उसकी हालत को ध्यान में रखते हुए उसे रेफर किया गया है।









