
मंच पर बेटियों के सामने देशभक्ति की जगह बजे अश्लील गाने
खजुराहो। पर्यटन नगरी खजुराहो में रविवार को खजुराहो मैराथन के तीसरे संस्करण का आयोजन किया गया, जो कि अब महज औपचारिकताओं की मैराथन रह गई है। यह आयोजन अब जांच का विषय बनता जा रहा है, कि आखिर इस मैराथन के नाम पर दौडऩे वाले लोग कितनी लीपापोती कर रहे हैं।
दरअसल खजुराहो मैराथन विगत कई वर्षों से पर्यटन प्रमोशन के उद्देश्य से आयोजित होते आ रही है, लेकिन इस दौड़ को आयोजित कराने वाली संस्था को लगता है कि इन्हीं के पास सर्वाधिकार सुरक्षित हैं। मैराथन को लेकर स्थानीय लोगों, जनप्रतिनिधियों और मीडिया के साथ कोई विचार-विमर्श नहीं किया जाता, यहां तक कि इसका प्रचार-प्रसार तक नहीं होता। जब कुछ चुनिंदा लोग इस मैराथन में दौड़ते दिखाई देते हैं, तब लोगों को इस आयोजन की खबर लगती है। इससे स्पष्ट है कि यह आयोजन महज औपचारिकता है। यह आयोजन कितना गरिमामय था, इस बात का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि खजुराहो के फेसिट्यूलेशन सेंटर से आयोजित इस मैराथन में बड़ी संख्या में बच्चियां शामिल थीं और उनके सामने मंच पर देशभक्ति गीतों की जगह अश्लील गाने बजाकर नृत्य किया गया। इसको लेकर जब आयोजकों से सवाल किए गए तो उन्होंने इसे मनोरंजन बताकर बात टाल दी। इसके अलावा यह भी गौर करने वाली बात रही कि कार्यक्रम के मंच सहित धावकों को दी गई टी-शर्ट एवं अन्य सामग्री में खजुराहो के स्पेलिंग भी गलत लिखी थी। आयोजकों ने न केवल मीडिया से दूरी बनाई, बल्कि जनप्रतिनिधियों को भी नहीं बुलाया गया। स्थानीय प्रशासन को भी ऐन वक्त पर आयोजन की जानकारी दी गई।








